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न्यायालय के आदेश के बावजूद प्रदेश में तंबाकू उत्पाद धड़ल्ले से बिक रहे




Nesw in ihndi

न्यायालय के आदेश के बावजूद प्रदेश में तंबाकू उत्पाद धड़ल्ले से बिक रहे

छविनाथ भारव्दाज




भोपाल:- स्वास्थ्य मंत्रालय और न्यायालय के आदेश के 15 दिन बाद भी मध्यप्रदेश में 40 सचित्र चेतावनी वाले तंबाकू उत्पाद गैर कानूनी रुप से आसानी से बेचे जा रहे है। जबकि स्वास्थ्य मंत्रालय के नियमानुसार 1 अप्रेल 2016 से बाजार में 85 प्रतिशत सचित्र चेतावनी दोनेां और वाले उत्पाद ही विक्रय होने चाहिए थे। इस समय सीमा को गुजरे दो हफ्ते हो गए हैं,लेकिन अब भी बाजार में कंपनियां अपना वही माल बेधड़क बेचे जा रही है। हालांकि महाराष्ट्र,गोवा और बिहार सरकार ने अपने राज्यों में कार्रवाई करते हुए कई करोड़ का माल जब्त किया है। तंबाकू सेवन कैंसर होने की सबसे बड़ी वजह बताई जाती है। देश में हर साल दस लाख से अधिक लोग तंबाकू के सेवन के कारण मर रहे है। राज्य के 90 लाख लोग सिगरेट व बीड़ी का सेवन करते हैं वहीं 1.5 करोड़ चंबाने वाले यानी खैनी, गुटखा और अन्य तंबाकू उत्पादों का इस्तेमाल करते हैं। इसमें से एक तिहाई हार्ट अटैक, श्वास की बीमारी और कैंसर से मरते है। ग्लोबल अडल्ट टौबेको सर्व 2010 के अनुसार प्रदेश में हर रोज करीब 330 नए बच्चों को तंबाकू सेवन की लत लग रही है। कैंसर सर्जन डा. टी.पी. साहू का कहना है कि डाक्टर और गैर सरकारी संगठन चाहते हैं कि सरकार तंबाकू उद्योग और इसकी लाबी के साथ कड़ाई से पेश आए ताकि कानून को सख्ती से साथ तुरंत लागू किया जा सके। इसी से युवाअेंा और बच्चों को इससे दूर रखा जा सकता है। इस सचित्र चेतावनी को सकारात्मक रुप से सभी को लागू करना चाहिए। उन्होने बताया कि तंबाकू उत्पादेां के पैकेट पर 85 प्रतिशत की चेतावनी वाली तस्वीर दोनों और रहेगी तो लोगों के मन में एक डर होगा और वे इसका सेवन बंद करेंगे। इससे बहुत सारे लोगों की जानों को बचाया जा सकेगा। उन्होने कहा कि 90 प्रतिशत लंग कैंसर तथा मुंह के कैंसर का मुख्य कारण तंबाकू ही है। तंबाकू सेवन शुगर, हार्ट अटेक, रक्तचाप, मुंह, गला एंव फेफड़े का कैंसर, आंखों की रोशनी चले जाना, हाथ पैरों में विकृति, नपुसंकता सहित अनेक प्रकार की बीमारियेां का जन्मदाता है। उन्होने बताया कि तंबाकू का सेवन किसी भी रुप में लोगों के लिये हानिकारक है। मध्यप्रदेश मेडिकल आफिसर एशोसियेशन के संरक्षक डा. ललित श्रीवास्तव ने कहा कि वर्तमान में फैडरेशन ऑफ आल इंडिया किसान एसोसियेशन के द्वारा जारी भ्रामक विज्ञापनों के माध्यम से दर्शाया जा रहा है कि गैर कानूनी व्यापार में बढ़ोतरी होगी, जबकि बढ़ी हुई सचित्र चेतावनी से इस अवैध व्यापार में भी कमी आएगी। देशभर में 1 लाख करोड़ से अधिक का स्वास्थ्य खर्च आमजनता इन बीमारियों पर कर रही है।
कैंसर रजिस्ट्री के अनुसार कैंसर प्रभावित लोगों में आधे से ज्यादा कैंसर तंबाकू से होना पाया गया है। इसलिए लोगों को इसके बारे में सजग करने की ज्यादा जरुरत है। उल्लेखनीय है कि राजस्थान उच्च न्यायालय में हुए एक मामले में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से हलफनामा देते हुए कहा गया था कि द सिगरेट एंड अदर टौबेको प्रोडक्टस (प्रोबिहेशन आफ एडवर्टाइजमेंट एंड रेगुलेशन आफ ट्रेड एंड कामर्स,प्रोडाक्शन,सप्लाई एंड डिस्ट्रीब्यूशन) एमेंडमेंट रुल्स 2014 को तुरंत लागू करने के कोर्ट का जो आदेश आया है उसे हम 1 अप्रेल 2016 से पूरी तरह लागू कर देंगे। इसके बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सभी राज्यों को इस बारे में आदेश जारी किया। लेकिन प्रदेश में इसे अभी तक लागू नहीं होते देखा गया है।

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Despite the court order in the state tobacco products are sold indiscriminately

Chhavinath Bhardwaj

Bhopal: – 15 days after the Ministry of Health and the State Court of 40 pictorial warnings on tobacco products are being sold illegally is easy. According to the health ministry in the market on 1 April 2016 and 85 percent Donean pictorial warnings should be selling stuff. Two weeks have passed since the deadline, but still in the market, companies selling the same goods being daft. Maharashtra, Goa and Bihar states acting government is seized of several million. Tobacco use is the leading cause of cancer is stated. Every year more than one million people are dying because of tobacco. Of the 90 million people consume cigarettes and bidis while Chanbane 1.5 million, ie chewing, chewing tobacco and other tobacco products use. Of this, a third heart attack, respiratory illness and is dying of cancer. According to the 2010 Global Adult Tubeko served every day in the state over 330 new children were addicted to tobacco. Cancer surgeon Dr. TP Sahu said doctors and NGO tobacco industry and its lobby with the government strictly dealt strictly with the law can be implemented immediately. By this Yuwaaena and children can be kept away from it. The pictorial warnings should apply to all positive forms. He said that 85 percent of tobacco packages Utpadean alarming picture will both have a fear in the minds of the people and they will take it off. It lives of many people will be saved. He said that 90 percent of lung cancer and the leading cause of oral cancer is tobacco. Tobacco sugar, heart attacks, blood pressure, mouth, throat AND lung cancer, vision go hand deformity in the legs, including Npusnkta variety is the mother of Bimariean. He said that tobacco in any form is harmful to people. Patrons of the State Medical Officer Dr. Asosiyeshn. Lalit Srivastava Federation of All India Kisan currently issued by the Association through misleading advertisements that are being shown a rise in illegal trade, while the increased trafficking of pictorial warning will reduce. General public health spending in the country of more than 1 million of these diseases is on.
Cancer registry, more than half of those affected by cancer has been found to be carcinogenic tobacco. Much of it, so people need to be aware of. The Rajasthan High Court in a case on behalf of the Union Health Ministry has said that the affidavit Tubeko cigarette and Other Products (advertisement and Regulation of Trade and Commerce of Probiheshn, Prodakshn, Supply and Distribution) Amendment Rules 2014 the court order came immediately to implement it fully, we’ll apply on 1 April 2016. The Union Health Ministry has issued an order to all the states in this regard. But not yet implemented in the state it has been shown.




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